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सिम्पलीलर्न और लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी ने वैश्विक स्तर के एआई और मशीन लर्निंग प्रोग्राम अब छात्रों के लिए उपलब्ध कराने के लिए साझेदारी की

सिम्पलीलर्न

जालंधर, 30 जनवरी 2026 (संजीव आहूजा)
: डिजिटल अपस्किलिंग के क्षेत्र में वैश्विक अग्रणी सिम्पलीलर्न ने लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी के साथ साझेदारी की है। इस सहयोग के तहत एआई और मशीन लर्निंग में प्रोफेशनल सर्टिफिकेट प्रोग्राम शुरू किया जाएगा। इसे विशेष रूप से एलपीयू के बी.टेक कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग (एआई/एमएल स्पेशलाइजेशन) के छात्रों के लिए डिजाइन किया गया है। यह प्रोग्राम आधुनिक एआई की तीन मुख्य शाखाओं - सुपरवाइज़्ड लर्निंग, डीप लर्निंग और नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग (एनएलपी) पर केंद्रित है। सिम्पलीलर्न फॉर कैंपस के माध्यम से शुरू किए गए इस कार्यक्रम का उद्देश्य छात्रों को इंडस्ट्री-रेडी स्किल्स देना, उनकी रोजगार क्षमता बढ़ाना और व्यावहारिक सीख को बढ़ावा देना है। सिम्पलीलर्न की प्रैक्टिशनर-लेड ट्रेनिंग और एलपीयू की शैक्षणिक उत्कृ्ष्टखता के मेल से यह प्रोग्राम क्लासरूम लर्निंग और प्रोफेशनल तैयारी के बीच के अंतर को कम करेगा और छात्रों को एआई-संचालित उद्योगों के लिए तैयार करेगा।

सिम्पलीलर्न छात्रों को लचीला और व्यापक ऑनलाइन लर्निंग अनुभव प्रदान करता है, जिसमें लाइव प्रोजेक्ट्स, डाउनलोड करने योग्य ई-बुक्स और असेसमेंट टेस्ट शामिल हैं, ताकि वे जॉब-रेडी स्किल्स विकसित कर सकें सितंबर 2025 तक एआई से जुड़ी नौकरियों की हिस्सेेदारी बढ़कर 11.7% हो गया है, जो एक साल पहले 8.2% था, जिससे एआई और इससे जुड़े कोर्सेज की मांग पहले से कहीं अधिक बढ़ गई है। सिम्पलीलर्न एआई, डेटा, सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट, क्लाउड, साइबर सिक्योरिटी और डिजिटल बिज़नेस जैसे क्षेत्रों में आवश्यक डिजिटल स्किल्स प्रदान करता है और छात्रों को गूगल क्लाउड, माइक्रोसॉफ्ट और एडब्ल्यूएस जैसी वैश्विक मान्यता प्राप्त सर्टिफिकेशन के लिए तैयार करता है।

इन मॉड्यूल्स को ऐसे विशेषज्ञ प्रशिक्षक पढ़ाएंगे, जिन्हें दुनिया भर में ज़्यादा मांग वाले क्षेत्रों में काम करने का अच्छा अनुभव है। कोर्स को इस तरह तैयार किया गया है कि यह छात्रों को रोजगार के लिए तैयार करे और बेहतर करियर अवसर दिलाने में मदद करे। सीखने की यह प्रक्रिया भारत के एनएएसी और एनबीए मानकों के अनुरूप है, जिससे शैक्षणिक गुणवत्ता और भी बेहतर होती है वास्तविक कार्य अनुभव और प्रायोगिक सीख के मेल से यह कार्यक्रम इंडस्ट्री-रेडी ग्रेजुएट्स तैयार करने के साथ-साथ शैक्षणिक उत्कृष्टता को भी बढ़ावा देता है।

कार्यक्रम के बारे में बताते हुए सिम्पलीलर्न के संस्थापक और सीईओ श्री कृष्णा कुमार ने कहा, “एलपीयू जैसे विश्वविद्यालय के साथ साझेदारी कर हमें खुशी हो रही है, जो विश्वस्तरीय शिक्षा देने के लिए प्रतिबद्ध है। यह सहयोग बदलती ज़रूरतों और अकादमिक पढ़ाई के बीच की दूरी को कम करने में मदद कर रहा है, ताकि छात्रों को आज की सबसे ज़्यादा मांग वाली क्षमताएं मिल सकें। हमें कैंपस इकोसिस्टम का हिस्सा बनकर गर्व महसूस हो रहा है, जिससे छात्र अपनी तैयारी के दौरान ज़रूरी मॉड्यूल्स सीख सकें। ये प्रोग्राम छात्रों को प्रोफेशनल दुनिया में प्रवेश करने में मदद करेंगे और उन्हें अपनी रुचि और क्षमता के अनुसार करियर चुनने के लिए प्रेरित करेंगे।”

छात्रों को बेहतरीन करियर सेवाओं का लाभ मिलता है, जो उनकी स्किल्स का सही आकलन करती हैं। इसमें प्रॉक्टर्ड असेसमेंट शामिल हैं, जिनके जरिए गहरी स्किल जांच, कोडिंग चैलेंज, एमसीक्यू और एप्टीट्यूड टेस्ट लिए जाते हैं, ताकि व्यावहारिक ज्ञान और समस्या सुलझाने की क्षमता को परखा जा सके। इसके साथ ही डेटा-आधारित विस्तृत रिपोर्ट्स दी जाती हैं, जो कोड की गुणवत्ता का विश्लेषण करती हैं और इंडस्ट्री मानकों व अन्य छात्रों के प्रदर्शन से तुलना कर यह समझने में मदद करती हैं कि छात्र कहां मजबूत हैं और कहां सुधार की ज़रूरत है।

एलपीयू के वाइस चांसलर डॉ. जसपाल सिंह संधू ने कहा, “हमारा उद्देश्य ऐसी पढ़ाई देना है जो छात्रों को सिर्फ अच्छे अंक दिलाने तक सीमित न रहे, बल्कि उन्हें रोजगार के लिए भी तैयार करे। सिम्पलीलर्न के साथ हमारी यह साझेदारी छात्रों को नई और आधुनिक तकनीकों में दक्ष बनाने की दिशा में एक अहम कदम है। हम पढ़ाने के तरीकों और छात्रों को मिलने वाले ज्ञान, दोनों में डिजिटल बदलाव की ओर लगातार बढ़ रहे हैं। सिम्पलीलर्न का विशेषज्ञों द्वारा संचालित तरीका पढ़ाई को और प्रभावी बनाएगा, जिसमें शैक्षणिक ज्ञान के साथ व्यावहारिक अनुभव भी शामिल होगा। हमें उम्मीद है कि लर्निंग हब और यूनिवर्सिटी एक्रेडिटेशन वाले ये कोर्स छात्रों के करियर अवसरों और वैश्विक स्तर पर उनकी तैयारी को मजबूत करेंगे।”

सिम्पलीलर्न फॉर कैंपस विश्वविद्यालयों को छात्रों की डिजिटल स्किल्स तेज़ी से विकसित करने में मदद करता है। इसके तहत एआई, डेटा साइंस, क्लाउड कंप्यूटिंग, साइबर सिक्योरिटी, डिजिटल मार्केटिंग और प्रोजेक्ट मैनेजमेंट जैसे क्षेत्रों में इंडस्ट्री-आधारित कोर्स सिम्पलीलर्न लर्निंग हब+ के माध्यम से उपलब्ध कराए जाते हैं। लाइव और प्रायोगिक सीख का यह मॉडल पढ़ाई और इंडस्ट्री के बीच की दूरी को कम करता है और छात्रों को नौकरी के लिए जरूरी कौशल और आत्मविश्वास प्रदान करता है।

रोज़गार क्षमता बढ़ाने और डिजिटल लर्निंग इकोसिस्टम को मजबूत करने के उद्देश्य से सिम्पलीलर्न के साथ 50 से अधिक प्रमुख विश्वविद्यालय जुड़े हुए हैं। इनमें ड्यूक यूनिवर्सिटी, स्टैनफोर्ड यूनिवर्सिटी, यूनिवर्सिटी ऑफ मिसूरी, सेंट लुइस (यूएमएसएल), यूटाह वैली यूनिवर्सिटी और के. रामकृष्णन कॉलेज ऑफ टेक्नोलॉजी जैसे प्रतिष्ठित संस्थान शामिल हैं।
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